History Of Jeans: जींस में छोटी पॉकेट क्यों होती है? वजह जान रह जाएंगे हैरान

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History Of Jeans: नमस्कार दोस्तों, आज हम आपके लिए एक ख़ास आर्टिकल लेकर आए हैं। आज हम बात करने वाले हैं जींस के इतिहास के बारे में। तो चलिए बिना देरी के शरू करते हैं और ऐसे ही जानकारी प्राप्त करने के लिए हमारे इस पेज को फॉलो करें और हर रोज एक नयी अपडेट प्राप्त करें।

Facts About History Of Jeans
Facts About History Of Jeans

कभी आपने गौर किया है कि जींस में दाईं तरह एक छोटी सी जेब लगी होती है। इसके (History Of Jeans) अलावा जींस की जेब के कोनों पर छोटे-छोटे बटन भी लगे रहते हैं। जींस का फैशन कभी भी ‘आउट ऑफ फैशन’ नहीं हुआ और शायद आगे भी नहीं होगा।

यह भी जानें (History Of Jeans)

आज कल कई तरह के डिजाइन, कलर और स्टाइल में जींस (History Of Jeans) आने लगे हैं। लेकिन आपने गौर किया है कि जींस में दाईं तरह एक छोटी सी पॉकेट क्यों होती है। यह पॉकेट दाईं तरफ वाली पॉकेट के अंदर होती है। साथ ही जींस की पॉकेट के कोनों पर छोटे-छोटे बटन भी लगे रहते हैं, जिन्हें हम फैशन के बटन मानते हैं।

छोटी पॉकेट लगाने की ये है वजह

इसका संबंध जींस की शुरुआत से है। जींस का आविष्कार (History Of Jeans) खदान में काम करने वाले मजदूरों के लिए किया गया था। उस वक्त पॉकेट वॉच का चलन होता है। ऐसे में मजदूर उसे सामने वाले पॉकेट में रखते, तो टूटने का डर रहता। इस समस्या को खत्म करने के लिए छोटी पॉकेट बनाई गई

धीरे-धीरे यह जींस का अहम हिस्सा बन गया और आज के दौर में अपने आप फैशन हो गया है। जींस बनाने वाली कंपनी लेवी स्ट्रॉर्स (Levis) के अनुसार यह वॉच पॉकेट होती है। पहली जींस में चार पॉकेट लगाई गई थी, जिसमें एक पॉकेट पीछे थी और दो पॉकेट के साथ यह वॉच पॉकेट थी।

पॉकेट की मजबूती के लिए लगाए गये छोटे बटन (History Of Jeans)

दरअसल, जींस का कपड़ा रफ एंड टफ होने के कारण आसानी से नहीं फटता था। लेकिन इसकी (History Of Jeans) पॉकेट के साथ मजदूरों को शिकायत थी। पैंट की पॉकेट जल्द ही फट जाती थी। ऐसे में टेलर जेकब डेविस ने एक जुगाड़ निकाला। उन्होंने जींस की पॉकेट के किनारों पर छोटे-छोटे मेटल के पुर्जे लगा दिए।

ये भी है एक कहानी

इसके बाद ये जुगाड़ कामयाब रहा और धीरे-धीरे बटन की शक्ल ले ली। इन (History Of Jeans) बटन्स को रिवेट्स (Rivets) कहा जाता है। जेकब के पास इसे पेंटट कराने के पैसे नहीं थे। उन्होंने लिवाइस स्ट्रॉस को चिट्ठी लिखकर इस खोज के बारे में जानकारी दी। लिवाइस ने मेटल के पुर्जों को कॉपर के बटन्स से बदल दिया। साथ ही पॉकेटक को अपनी कंपनी का प्रोडक्शन मैनेजर बना दिया।

दुनिया की सबसे महंगी जींस

मार्केट में हजारों-लाखों रुपये की जींस (History Of Jeans) मौजूद हैं। दुनिया की सबसे महंगी जींस की बात की जाए तो गिनीज बुक ऑफ वर्ल्ड रिकॉर्ड्स के अनुसार, सबसे कीमती जींस 155 साल पुरानी Levis 501 जींस का पेयर है। इस जींस को ऑनलाइन शॉपिंग साइट पर बोली लगाकर 2005 में 60 हजार डॉलर यानी लगभग 4.60 लाख में खरीदा था।

जींस के प्रकार (Types of jeans)

  • नैरो जींस (Narrow jeans)
  • टेपर्ड जींस (Tapered jeans)
  • स्लिम फिट जींस (Slim fit jeans)
  • स्किनी जींस (Skinny jeans)
  • स्ट्रेट लेग जींस (Straight-leg jeans)
  • बूटकट जींस (Bootcut jeans)
  • बेल-बॉटम जींस (Bell-bottom jeans)
  • हाई रेंज जींस (High-range jeans)
  • मिड रेंज जींस (Mid-range jeans)
  • लो रेंज जींस (Low-range jeans)

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